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शिवराज ने कांग्रेस नेताओं की तुलना राक्षसों से की, कैलाश बोले- राजगढ़ भी आ गया जेएनयू का वायरस
January 22, 2020 • R. K. SRIVASTAVA / NIRAJ PANDEY • मध्य प्रदेश/उत्तर प्रदेश

राजगढ़. भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने राजगढ़ के ब्यावरा में कहा कि मैंने सुना है कि 'जेएनयू का वायरस' यहां भी आ गया है। मुझे जानकारी लगी है कि जेएनयू से पढ़ीं महिला ही इस जिले की कलेक्टर हैं। यहां की जनता जानती है कि वायरस को समाप्त करने के लिए क्या करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि देश विरोधी नारे लगने की घटनाएं जेएनयू में सामने आती हैं। वहां पर तिरंगा का विरोध भी किया जाता है। इसलिए यहां पर तिरंगे झंडे को थामे कार्यकर्ताओं का अपमान किया गया।

वहीं, पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस नेताओं की तुलना राक्षसों से करते हुए कहा- सुन लो कमलनाथ, तुम्हारी लंका को हम जलाकर राख कर देंगे। की। उन्होंने कहा अपनी तरफ से भाजपा के कार्यकर्ता किसी को छेड़ते नहीं हैं, लेकिन जब कोई हमें छेड़ देता है, तो हम छोड़ते नहीं हैं। उन्होंने राज्य की कांग्रेस सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि वे भाजपा कार्यकर्ताओं को हल्के में नहीं लें, अन्यथा उसे इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी।  

भाजपा नेता राजगढ़ में जिला कलेक्टर कलेक्टर निधि निवेदिता और डिप्टी कलेक्टर प्रिया वर्मा के खिलाफ एफआइआई दर्ज कराने के लिए बुधवार को यहां पहुंचे थे। शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि अगर यहां आकर शिकायत पत्र ले लेंगे तो ठीक, वरना हम थाने पहुंचेंगे। इसके बाद पुलिस के अधिकारी मंच पर पहुंचे और उन्होंने कलेक्टर और डिप्टी कलेक्टर के खिलाफ एफआईआर कराने का शिकायती पत्र लिया। 

कलेक्टर के खिलाफ एफआइआर दर्ज हो 
शिवराज ने कहा- प्रशासनिक अधिकारी को किसी को थप्पड़ मारने की इजाजत नहीं होती है, यह जनता के मुंह पर नहीं है बल्कि लोकतंत्र के चेहरे पर तमाचा है। इसलिए हमारी मांग है कि जिसने तमाचा मारा है, उस पर एफआईआर दर्ज की जाए। हम शांति बनाए रखना चाहते हैं, लेकिन यह अन्याय और अत्याचार हुआ तो हम चुप नहीं बैठेंगे। नागरिकता कानून तो लागू होगा और अपने मुस्लिम भाई-बहनों से कहना चाहता हूं कि आपको डरने की जरूरत नहीं है। यह देश आपका है और इसमें किसी के खिलाफ कुछ नहीं है। 

मैडम, ये अधिकार आपको किसने दिया

चौहान ने कहा- मैडम, आपको किसने अधिकार दिया था, प्रशासनिक अधिकारी आप हैं, क्या आपको संविधान अधिकार देता है कि जब चाहें किसी को भी थप्पड़ जड़ दें? क्या कानून आपको इसकी इजाजत देता है? इमर्जेंसी के दौरान मुझे गिरफ्तार किया गया और लाठियां बरसाई गई, तो भी हमें कोई नहीं डरा सका।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह ने कहा- हमारे कार्यकर्ता को जो थप्पड़ मारा गया है, वो मप्र में कमलनाथ सरकार की ताबूत में आखिरी कील होगी। हमारे कार्यकर्ता सड़क पर उतरेंगे और संघर्ष जारी रहेगा। 

हमारे कार्यकर्ता कोई रसगुल्ला नहीं

विजयवर्गीय ने कहा कि भाजपा के कार्यकर्ता कोई रसगुल्ला नहीं हैं, जिन्हें कोई आसानी से खा ले। हमारे कार्यकर्ता सरकार को यह बात आसानी से अहसास करा सकते हैं। उन्होंने सरकार पर भाजपा कार्यकर्ताओं के खिलाफ प्रशासन के दुरूपयोग का आरोप लगाते हुए कहा कि यह नीति बंद करना होगी, अन्यथा सरकार इसका परिणाम देखने तैयार रहे। विजयवर्गीय ने कहा कि हम वायरस को लोकतांत्रिक तरीके से समाप्त करने में विश्वास करते हैं। उन्होंने संगीत की दुनिया का जिक्र करते हुए कहा कि इस दुनिया का सिद्धांत है 'जैसा गाना, वैसा बजाना।' 

संविधान की वजह से राजगढ़ कलेक्टर हैं

नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने मंच से कहा कि कलेक्टर ने जिस तरह से कार्यकर्ताओं को थप्पड़ मारे और लाठी चलवाईं। इससे साबित होता है कि दोनों अफसरों के अंदर गर्मी ज्यादा है। कमलनाथ सरकार के इशारे पर ये काम हो रहा है। सीएए का समर्थन कर रहे कार्यकर्ताओं के साथ मारपीट संविधान और भारत माता का अपमान है। जिस संविधान का वह विरोध कर रही हैं, उसी संविधान की वजह से निधि निवेदिता कलेक्टर हैं, वरना कहीं रोटी बना रही होतीं।